माँ के बिन जीवन रीता है
माँ ग्रंथों में गीता है त्याग में माँ सीता है ममता में माँ यशोदा है, सहनशीलता …
माँ ग्रंथों में गीता है त्याग में माँ सीता है ममता में माँ यशोदा है, सहनशीलता …
ख्वाब आँखों में पलने लगा, इक जमाने को खलने लगा, झांकने की इजाजत नहीं , आज औ…
बिन माँ के बच्चे ने, किसी शख्स से पूछा, बताओ मुझको जरा कैसी होती माँ की ममत…
आदत में हो शामिल, जरूरत ही बन गए हो, जीवन के अँधेरों में, उजाले से बन गए हो। रौ…
आज लिखने को खूब दिल कर रहा , न जाने क्यों दिल है उमंगों भरा, मन के आँगन में…
मजदूर मेहनत करते हैं पर होते मशहूर नहीं, आलीशान महल बना देते हैं पर रहते हैं …
धूप-पानी सहते-सहते, पौधे से तरूवर बना, वक्त के तुफानों को झेला, बरगद का दर…